राजनांदगांव- आश्रम/चर्च में नाबालिग बच्चों को रखने, तथा कथित रूप से धर्मांतरण का संगठित नेटवर्क।

{"remix_data":[],"remix_entry_point":"challenges","source_tags":["local"],"origin":"unknown","total_draw_time":0,"total_draw_actions":0,"layers_used":0,"brushes_used":0,"photos_added":0,"total_editor_actions":{},"tools_used":{"border":1,"addons":1,"transform":1},"is_sticker":false,"edited_since_last_sticker_save":true,"containsFTESticker":false}

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें

जय राम🙏जय जोहार साथियों
आश्रम/चर्च संचालन कर नाबालिग बच्चों को रखने, तथा कथित रूप से धर्मांतरण मामला एक संगठित नेटवर्क, जांच में कई संदिग्ध चीजें मिली।

राजनांदगांव- सुकुलदैहान पुलिस चौंकी में दिनांक 08.01.2026 को प्राप्त शिकायत में ग्राम धर्मापुर में एक व्यक्ति द्वारा आश्रम/चर्च संचालन कर नाबालिग बच्चों को रखने, तथा कथित रूप से धर्मांतरण से संबंधित गतिविधियों की जानकारी दी गई थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के निर्देश पर चौंकी सुकुलदैहान, थाना लालबाग द्वारा आरोपी डेविड चाको के विरुद्ध छत्तीसगढ़ धार्मिक स्वतंत्रता अधिनियम की धारा 3, 4 एवं 5 के तहत प्रकरण पंजीबद्ध कर विवेचना प्रारंभ की गई थी।

विवेचना के दौरान पुलिस को कुछ अत्यंत महत्वपूर्ण एवं चौंकाने वाले तथ्य प्राप्त हुए हैं। जांच के क्रम में आरोपी से संबंधित कई दस्तावेज, अभिलेख, रजिस्टर एवं अन्य सामग्री जब्त की गई है, जिनके प्रारंभिक परीक्षण से यह संकेत मिला है कि कथित धर्मांतरण गतिविधियां एक संगठित नेटवर्क के रूप में संचालित की जा रही थी, जो केवल एक व्यक्ति तक सीमित नहीं थी बल्कि सैकड़ों व्यक्तियों की संलिप्तता के संकेत प्राप्त हुए हैं। उक्त गतिविधियों से संबंधित छत्तीसगढ़ राज्य के विभिन्न जिलों में फैला एक व्यापक नेटवर्क सक्रिय था।

जांच के दौरान महत्वपूर्ण डिजिटल साक्ष्य भी प्राप्त किए गए हैं जिनमें लैपटॉप, टैबलेट, आई-पैड एवं मोबाइल फोन शामिल है। इन इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों से प्राप्त डिजिटल दस्तावेज, डेटा एवं प्रेजेंटेशन सामग्री के माध्यम से कई अहम जानकारियां सामने आई है। इसके अतिरिक्त सोलर-आधारित प्रोजेक्टर भी जब्त किए गए हैं, जिनकी अनुमानित कीमत हजारों डॉलर बताई जा रही है। ये उपकरण विशेष रूप से उन दूरस्थ क्षेत्रों में उपयोग किए जाते हैं, जहां विद्युत सुविधा उपलब्ध नहीं होती।

जब्त दस्तावेजों एवं साक्ष्यों के आधार पर कई अन्य व्यक्तियों के नाम भी सामने आए हैं जिनकी भूमिका संदिग्ध पाई गई है। इन सभी व्यक्तियों को विधि अनुसार नोटिस जारी कर पूछताछ हेतु तलब किया गया है, ताकि उनके आपसी संबंध एवं संलिप्तता की विस्तृत जांच की जा सके।

इसके साथ ही प्रकरण के वित्तीय लेन-देन एवं धन स्रोतों की भी गहन जांच की जा रही है। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि आश्रम/चर्च संचालन हेतु धन कहां से प्राप्त हो रहा था, उसके स्रोत क्या हैं, तथा क्या इसमें किसी अन्य अवैध या संगठित गतिविधि का कोई कोण जुड़ा हुआ है।

राजनांदगांव पुलिस द्वारा इस पूरे प्रकरण की विवेचना निष्पक्षता, पारदर्शिता एवं विधिक प्रावधानों के अनुरूप की जा रही है। किसी भी व्यक्ति या संस्था को कानून से ऊपर नहीं माना जाएगा। जांच में जो भी तथ्य एवं साक्ष्य सामने आएंगे, उनके आधार पर कठोर एवं विधिसम्मत कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
डीजी न्यूज़ डोंगरगढ़
संपादक-विमल अग्रवाल

3
0
0 0 votes
Article Rating
Subscribe
Notify of
guest
0 Comments
Oldest
Newest Most Voted
Inline Feedbacks
View all comments
error: Content is protected !!